
Barbigha:-नगर परिषद बरबीघा क्षेत्र के माहुरी वैश्य पंचायत भवन में स्थापित मां मथुरासिनी देवी की 20वां वार्षिकोत्सव समारोह धूमधाम से मनाया गया.इस अवसर पर माहुरी समाज के महिला एवं पुरुष श्रद्धालुओं ने चैत कृष्ण पक्ष शीतलाष्टमी के दिन अपने कुलदेवी मां मथुरासिनी की पूजा-अर्चना की.मां मथुरासिनी से लोगों ने अपने परिवार के साथ-साथ बरबीघा के कल्याण के लिए कामना किया.

इस अवसर पर मंदिर परिसर से भव्य शोभायात्रा भी निकाली गई. शोभायात्रा के दौरान पीले परिधान पहने हुए महिला और पुरुष श्रद्धालुओं ने अपने हाथों में धर्म ध्वजा लहराते हुए पूरे नगर का भ्रमण किया.गाजे-बाजे एवम ढोल-नगाड़े के साथ साथ डीजे पर जयकारा लगाते हुए शहर में भव्य शोभा यात्रा निकाली गई. यह शोभा यात्रा मंदिर परिसर से निकल कर चंदूकुआं, सामाचक, धर्मशाला रोड, गोला रोड, बुल्लाचक, महुआतल,पुरानी शहर, थाना चौक आदि विभिन्न मोहल्लों का भ्रमण करते हुए वापस मंदिर परिसर पहुंचकर समाप्त हुआ.


इस दौरान जगह-जगह पर श्रद्धालुओं के लिए स्थानीय लोगों के द्वारा पेयजल एवं शरबत की भी व्यवस्था की गई. शोभा यात्रा के बाद वैदिक मंत्र उच्चारण के साथ मां मथुरासानी की पूजा अर्चना करके आरती उतारी गई. पूजा समाप्ति के बाद पूजा समिति के कार्यकर्ताओं द्वारा सभी श्रद्धालुओं के बीच प्रसाद वितरण भी किया गया. इस शोभा यात्रा में माहुरी वैश्य कमिटी के अध्यक्ष ओमकार सेठ, उपाध्यक्ष जयशंकर भदानी, मुन्ना चरण पहाड़ी, अजीत कुमार वैश्यकियर, रश्मि भदानी, गुंजा चरण पहाड़ी, ममता साह , सुजाता कुटियार के समाज के काफी संख्या में महिला एवं पुरुष श्रद्धालु शामिल थे.

शीतला अष्टमी पूजा के बारे में अध्यक्ष ओंकार सेठ ने का बताया कि इस दिन जो भी महिला या पुरुष शीतला माता का श्रद्धापूर्वक पूजा करते हैं, उनका शरीर और पूरा परिवार निरोगी रहता है. मान्यता है कि गर्मी में होने वाले चेचक जैसे संक्रामक रोगों से माँ शीतला रक्षा करती है. शीतला माता की पूजा करने से मन को अपार शांति और शीतलता मिलती है